🔮 अंक ज्योतिष और जीवनसाथी: किससे बनेगी परफेक्ट जोड़ी?
✨ क्या विवाह पहले से तय होता है?
- विवाह केवल इस जन्म का नहीं बल्कि पिछले जन्म के कर्मों का फल भी है।
- किससे शादी होगी, कब जीवन में आएगा और कब अलगाव होगा – यह सब हमारे भाग्य और कर्मफल से जुड़ा है।
- अंक ज्योतिष (Numerology) और कुंडली (Astrology) दोनों से जीवनसाथी के स्वभाव और संगति का अनुमान लगाया जा सकता है।
🌈 अंक और उनकी मित्रता
- हर अंक की अपनी एक ऊर्जा (vibration) होती है।
- मित्र अंक (Friendly Numbers) आपसी आकर्षण और सफलता लाते हैं।
- शत्रु अंक (Enemy Numbers) तनाव, झगड़े और असहमति पैदा करते हैं।
👉 इसलिए यदि दोनों पार्टनर के अंक मित्र हों तो रिश्ता आसान और सुखद रहता है, अन्यथा समायोजन (adjustment) की ज़रूरत पड़ती है।
💑 विवाह में संतुलन क्यों ज़रूरी है?
- यदि दोनों स्वभाव से आक्रामक हों तो झगड़े बढ़ेंगे।
- यदि एक आक्रामक और दूसरा शांत स्वभाव का हो तो रिश्ता संतुलित रहता है।
- विवाह जीवन का सबसे बड़ा ट्रांज़िशन पीरियड है, इसलिए ज्योतिष में इसे सप्तम भाव (7th House) और अंक ज्योतिष में मूलांक–भाग्यांक से देखा जाता है।
📌 अंक ज्योतिष में विवाह संगति देखने के 4 आधार
- मूलांक (Radix Number) → जन्म तिथि का अंक
- भाग्यांक (Destiny Number) → जन्मतिथि का कुल योग
- सूर्य राशि (Sun Sign)
- नामांक (Name Number)
👉 जन्मतिथि बदली नहीं जा सकती, लेकिन नाम में बदलाव करके संख्या-संगति (Compatibility) सुधारी जा सकती है।
🔢 किस मूलांक वालों की किससे बनेगी जोड़ी?
🌞 मूलांक 1 (सूर्य)
- अच्छा संगति: 2, 3, 5, 6
- टालें: 1, 4, 8
🌙 मूलांक 2 (चंद्रमा)
- अच्छा संगति: 1, 3, 5, 6, 9
- टालें: 2, 8
📚 मूलांक 3 (गुरु)
- अच्छा संगति: 1, 2, 6, 7, 9
- टालें: 3, 5
🔨 मूलांक 4 (राहु)
- अच्छा संगति: 1, 5, 6, 7
- टालें: 4, 8
🌿 मूलांक 5 (बुध)
- अच्छा संगति: 1, 3, 6, 7
- टालें: 5, 8
💎 मूलांक 6 (शुक्र)
- अच्छा संगति: 1, 2, 3, 6, 9
- टालें: 4, 5
🕉 मूलांक 7 (केतु)
- अच्छा संगति: 3, 6, 7, 9
- टालें: 2, 8
⛰ मूलांक 8 (शनि)
- अच्छा संगति: 1, 4, 6
- टालें: 2, 8
🔥 मूलांक 9 (मंगल)
- अच्छा संगति: 1, 2, 3, 6, 9
- टालें: 4, 5
🌌 निष्कर्ष
- विवाह केवल प्रेम या आकर्षण का विषय नहीं है, यह कर्म और अंक ज्योतिषीय संगति पर भी आधारित है।
- यदि अंक मित्र हों तो जीवनसाथी सुखद अनुभव देंगे।
- यदि अंक शत्रु हों तो जीवनसाथी के साथ कर्म ऋण (Karmic Debt) चुकाने की भूमिका बनती है।
- नाम और संख्याओं में सुधार करके भी संगति बढ़ाई जा सकती है।
👉
मूलांक और भाग्यांक — विवाह संगति (Compatibility)
यह पोस्ट उन लोगों के लिए है जो केवल मूलांक (Radix) नहीं, बल्कि भाग्यांक (Destiny) को भी जोड़कर विवाह संगति की गहराई से जांच करना चाहते हैं। नीचे सीधा तरीका, तालिका, उदाहरण और ब्लॉग-फ्रेंडली टुकड़े दिए गए हैं — आप इसे सीधे Blogger के HTML मोड में पेस्ट कर सकते हैं।
1) मूलांक और भाग्यांक कैसे निकालें (Short)
- मूलांक (Mulank): आपकी जन्म दिनांक के आंकड़ों का एकल अंक। उदाहरण: 29 → 2+9=11 → 1+1=2 → मूलांक = 2.
- भाग्यांक (Bhagyank): आपकी सम्पूर्ण जन्मतिथि (DD+MM+YYYY) का योग जो 1-9 के बीच हो। उदाहरण: 29/07/1980 → 2+9+0+7+1+9+8+0=36 → 3+6=9 → भाग्यांक = 9.
(नोट: यदि योग 11 या 22 जैसा मास्टर नंबर आए और आप पारंपरिक मास्टर-नंबर दृष्टिकोण अपनाते हैं, तो उसे उसी तरह मान सकते हैं।)
2) मूलभूत नियम — संक्षेप में
- हर अंक की अपनी ऊर्जा (vibration) होती है — कुछ अंक मित्र हैं और कुछ विरोधी.
- विवाह में अच्छा तालमेल तब बनेगा जब दोनों के मूलांक आपस में मित्र हों और साथ ही एक-दूसरे के भाग्यांक भी उस मित्र सूची में आते हों।
- जन्म-तिथि नहीं बदलती — पर नाम परिवर्तन से भाग्यांक / नामांक में सुधार संभव है (नामांक बदलकर दोस्ती बढ़ाई जा सकती है)।
3) मूलांक (Mulank) — संक्षेप तालिका (Best / Avoid)
| मूलांक | उर्जा / छोटा वर्णन | Best Match (Mulank) | Avoid |
|---|---|---|---|
| 1 | नेतृत्व, आत्मविश्वास, सूर्य-प्रभाव | 2, 3, 5, 6 | 1, 4, 8 |
| 2 | सुशील, भावुक, दिप्लोमैटिक | 1, 3, 5, 6, 9 | 2, 8 |
| 3 | ज्ञान, बोलचाल, गुरु-प्रभाव | 1, 2, 6, 7, 9 | 3, 5 |
| 4 | स्थिरता, परिश्रम, राहु-रंग | 1, 5, 6, 7 | 4, 8 |
| 5 | बुद्धि, गतिशीलता, बुध-प्रभाव | 1, 3, 6, 7 | 5, 8 |
| 6 | स्नेहशील, जिम्मेदार, शुक्र-प्रभाव | 1, 2, 3, 6, 9 | 4, 5 |
| 7 | आध्यात्मिक, अध्ययनशील, केतु-प्रभाव | 3, 6, 7, 9 | 2, 8 |
| 8 | संगठित, प्रबंधन, शनि-प्रभाव | 1, 4, 6 | 2, 8 |
| 9 | वज़नी, प्रभावशाली, मंगल-प्रभाव | 1, 2, 3, 6, 9 | 4, 5 |
नोट: यह तालिका वक्ता के बिंदुओं और पारंपरिक अंक-रिश्ते के सार पर आधारित है — मूलांक मित्रता का प्रयोग प्राथमिक फिल्टर की तरह करें।
4) भाग्यांक (Bhagyank) को संगति में कैसे रखें (Important)
वक्ता ने स्पष्ट किया कि भाग्यांक भी रोल प्ले करता है — इसलिए केवल मूलांक की संगति देखकर निर्णय अधूरा होगा। भाग्यांक को शामिल करने का सरल तरीका नीचे दिया गया है:
- पहले दोनों का मूलांक × मूलांक मेल देखें (ऊपर तालिका)।
- फिर दोनों की भाग्यांक × भाग्यांक मित्रता जाँचें — यदि भाग्यांक भी एक-दूसरे के मित्र समूह में आते हैं तो रिश्ता और मजबूत माना जाता है।
- अंत में क्रॉस-चेक करें: Person A का मूलांक → Person B के भाग्यांक के साथ मित्र है या नहीं? और Person B का मूलांक → Person A के भाग्यांक के साथ मित्र है या नहीं? यदि हाँ — बहुत अच्छा संकेत।
इसे step-by-step रोल-चेक के रूप में करें:
- Person A: Mulank A, Bhagyank A. Person B: Mulank B, Bhagyank B.
- Check 1: क्या Mulank A और Mulank B मित्र हैं? (तालिका)
- Check 2: क्या Bhagyank A और Bhagyank B मित्र हैं? (उसी तालिका लागू करें)
- Check 3: क्या Mulank A दोस्त है Bhagyank B के साथ? और Mulank B दोस्त है Bhagyank A के साथ?
- नतीजा: तीनों में से जितने checks सकारात्मक होंगे, उतना ही मजबूत सामंजस्य माना जा सकता है।
(आम तौर पर 2-3 सकारात्मक चेक → अच्छा मेल; 1 सकारात्मक → कुछ समायोजन ज़रूरी; 0 → सावधानी)
5) उदाहरण (Example)
Person A: जन्म 14/03/1988 → A का Mulank = 1, Bhagyank = 4
Person B: Mulank = 3, Bhagyank = 1
- Check 1: Mulank A (1) और Mulank B (3) — तालिका के अनुसार: मित्र (Good).
- Check 2: Bhagyank A (4) और Bhagyank B (1) — तालिका के अनुसार: 4 और 1 → मित्र (Good).
- Check 3: Mulank A (1) vs Bhagyank B (1) → 1 vs 1 = मजबूत. Mulank B (3) vs Bhagyank A (4) → 3 vs 4 = सावधानी.
निष्कर्ष: 2 में से 2-3 पॉज़िटिव चेक हैं → अच्छा मेल, पर कुछ विषयों पर समायोजन की ज़रूरत पड़ सकती है।
6) व्यवहारिक सुझाव और remedial टिप्स
- अगर मूलांक और भाग्यांक दोनों में संघर्ष है तो नाम में छोटे-छोटे बदलाव करके नामांक (Name Number) सुधारकर संगति बढ़ाई जा सकती है।
- ऐसी जोड़ी जहाँ दोनों अत्यधिक आक्रामक हों → समझौता या counselling जरूरी।
- कर्मिक रिश्ते (जिनमें दोनों के अंक बहुत अलग हों) अक्सर "कर्ज़ चुकाने" वाले होते हैं — उनके साथ धैर्य और समझदारी की आवश्यकता रहती है।
7) ब्लॉग-विशेष: SEO और पोस्ट-टुकड़े
Suggested Meta Description: "मूलांक और भाग्यांक दोनों को ध्यान में रखते हुए अंक ज्योतिष के आधार पर विवाह संगति की सम्पूर्ण गाइड — कैसे निकालें, कदम-दर-कदम टेस्ट, तालिकाएँ और उदाहरण।"
Suggested Labels / Tags: अंक ज्योतिष, Numerology, विवाह संगति, Mulank, Bhagyank, ज्योतिष टिप्स
Suggested Custom Permalink: /2025/08/mulank-bhagyank-compatibility-numerology.html
8) निष्कर्ष (Short)
वक्ता ने सही कहा — भाग्यांक रोल प्ले करता है। इसलिए किसी भी जोड़ी का संपूर्ण मूल्यांकन करने के लिए मूलांक + भाग्यांक (+ नामांक) तीनों का क्रॉस-चेक आवश्यक है। ऊपर दिया गया सरल step-by-step तरीका और तालिका आपको लागू करने में मदद करेगा।
Prepared for: आपका ब्लॉग — आप इसे Blogger के "HTML" मोड में पेस्ट करें और फिर "Compose" में देखें, यह colourful headings और tables के साथ अच्छे से दिखेगा।


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